मुख्य सामग्री पर जाएँ

विलोम और पर्यायवाची

Vilom shabdParyayvachi shabdOpposite words20 विलोम शब्द50 विलोम शब्द10 विलोम शब्द10 पर्यायवाची शब्द20 पर्यायवाची शब्द100 विलोम शब्द100 पर्यायवाची शब्द50 पर्यायवाची शब्द

मुहावरे और लोकोक्तियाँ

Muhavare practiceMuhavare aur lokoktiLokoktiपैर पर मुहावरेकान पर मुहावरेनाक पर मुहावरेआँख पर मुहावरेहाथ पर मुहावरेMuhavare10 मुहावरे20 मुहावरे50 मुहावरे100 मुहावरे

वर्णमाला

Hindi VarnamalaSwarVyanjanMatraBarakhadi in EnglishBarakhadi

शब्द और व्याकरण

Vikari avikari shabdVyaktivachak sangyaJativachak sangyaBhavvachak sangyaSamuhvachak sangyaDravyavachak sangyaSangyaKriya VisheshanSarvanamik VisheshanGunvachak VisheshanVisheshanPurushvachak sarvanamSarvanamSakarmak KriyaAkarmak KriyaPrernarthak KriyaKriyaKaalUpsargPratyayVachyaVakya ke bhedVachanLingKarak

संधि

Dirgh sandhiGun sandhiVriddhi sandhiYan sandhiAyadi sandhiSwar sandhiVyanjan sandhiVisarg sandhiSandhi

समास

Tatpurush samasKarmadharay samasDvigu samasDvandva samasBahuvrihi samasAvyayibhav samasSamas

अलंकार, रस, छंद

Anupras alankarYamak alankarShlesh alankarUpma alankarRupak alankarUtpreksha alankarAtishyokti alankarManvikaran alankarBhrantiman alankarSandeh alankarAlankarShringar rasHasya rasKarun rasRaudra rasVeer rasBhayanak rasVibhats rasAdbhut rasShant rasVatsalya rasBhakti rasRasDohaChhand

लिंग (Ling): परिभाषा, भेद, पहचान और लिंग बदलने के नियम

संज्ञा के जिस रूप से उसके पुरुष जाति या स्त्री जाति का होने का बोध हो, उसे लिंग कहते हैं। हिंदी में लिंग के दो भेद हैं: पुल्लिंग और स्त्रीलिंग।

  • शब्द और व्याकरण
  • अपडेट: 11 Oct 2026

Ling kise kahate hain: संज्ञा के जिस रूप से यह पता चले कि वह पुरुष जाति की है या स्त्री जाति की, उसे लिंग कहते हैं। "लिंग" का अर्थ है चिह्न या पहचान। जैसे लड़का पुल्लिंग है और लड़की स्त्रीलिंग। हिंदी में हर संज्ञा का एक लिंग होता है, चाहे वह सजीव हो या निर्जीव।

लिंग का सही ज्ञान बहुत ज़रूरी है, क्योंकि उसी के अनुसार क्रिया और विशेषण का रूप बदलता है: "अच्छा लड़का आया", "अच्छी लड़की आई"।

लिंग की परिभाषा

परिभाषा: संज्ञा के जिस रूप से व्यक्ति, वस्तु या प्राणी के पुरुष जाति या स्त्री जाति के होने का बोध हो, उसे लिंग कहते हैं।

लिंग के भेद

हिंदी में लिंग के दो भेद होते हैं। संस्कृत में तीन लिंग होते हैं (पुल्लिंग, स्त्रीलिंग, नपुंसकलिंग), पर हिंदी में नपुंसकलिंग नहीं होता, इसलिए निर्जीव वस्तुएँ भी पुल्लिंग या स्त्रीलिंग में ही गिनी जाती हैं।

भेदपरिभाषासजीव उदाहरणनिर्जीव उदाहरण
पुल्लिंगजिससे पुरुष जाति का बोध होलड़का, पिता, शेर, मोरपेड़, घर, दाँत, पहाड़
स्त्रीलिंगजिससे स्त्री जाति का बोध होलड़की, माता, शेरनी, मोरनीकिताब, मेज़, आँख, नदी

लिंग की पहचान कैसे करें

सबसे आसान तरीका है शब्द के साथ क्रिया या विशेषण लगाकर देखना। जैसे "दही खट्टा है" (पुल्लिंग), "चाय गरम है, चाय बन गई" (स्त्रीलिंग)। इसके अलावा कुछ नियम भी हैं।

प्रायः पुल्लिंग होने वाले शब्द

वर्गउदाहरणअपवाद
दिनों के नामसोमवार, मंगलवार, रविवारनहीं
हिंदी महीनों के नामचैत, वैशाख, सावन, फागुननहीं
पर्वतों के नामहिमालय, विंध्याचल, अरावलीनहीं
देशों के नामभारत, नेपाल, जापाननहीं
ग्रहों के नामसूर्य, चंद्रमा, मंगल, शनिपृथ्वी (स्त्रीलिंग)
धातुएँसोना, लोहा, ताँबा, पीतलचाँदी (स्त्रीलिंग)
रत्नहीरा, मोती, पन्नामणि (स्त्रीलिंग)
द्रव पदार्थपानी, दूध, घी, तेल, दहीचाय, लस्सी, छाछ (स्त्रीलिंग)
पन, पा, आव, त्व वाले शब्दबचपन, बुढ़ापा, बहाव, गुरुत्वनहीं

प्रायः स्त्रीलिंग होने वाले शब्द

वर्गउदाहरणअपवाद
नदियों के नामकावेरी, गोदावरी, नर्मदाब्रह्मपुत्र (पुल्लिंग)
भाषाएँ और लिपियाँहिंदी, अंग्रेज़ी, संस्कृत, देवनागरीनहीं
तिथियाँप्रतिपदा, पूर्णिमा, अमावस्यानहीं
ईकारांत शब्दरोटी, टोपी, नदी, चिट्ठीपानी, घी, दही, मोती, हाथी, आदमी
इया वाले शब्दचिड़िया, गुड़िया, डिबियानहीं
आई, आवट, आहट, ता वाले शब्दमिठाई, सजावट, घबराहट, सुंदरतानहीं

लिंग बदलने के नियम (पुल्लिंग से स्त्रीलिंग)

नियमपुल्लिंगस्त्रीलिंग
आ को ई करकेलड़का, घोड़ा, बकरा, नानालड़की, घोड़ी, बकरी, नानी
अ को ई करकेपुत्र, नर्तक, हिरणपुत्री, नर्तकी, हिरणी
इया लगाकरबूढ़ा, चूहा, बेटाबुढ़िया, चुहिया, बिटिया
इन लगाकरमाली, धोबी, सुनारमालिन, धोबिन, सुनारिन
नी लगाकरशेर, मोर, ऊँटशेरनी, मोरनी, ऊँटनी
आनी लगाकरसेठ, नौकर, देवरसेठानी, नौकरानी, देवरानी
आइन लगाकरपंडित, ठाकुरपंडिताइन, ठकुराइन
इका लगाकरबालक, लेखक, अध्यापकबालिका, लेखिका, अध्यापिका
वान/मान को वती/मती करकेगुणवान, बुद्धिमान, श्रीमानगुणवती, बुद्धिमती, श्रीमती
बिल्कुल अलग शब्दपिता, राजा, भाई, बैल, वर, सम्राटमाता, रानी, बहन, गाय, वधू, सम्राज्ञी
विशेष रूपकवि, विद्वानकवयित्री, विदुषी

ई, इन, नी जैसे जुड़ने वाले अंशों के बारे में प्रत्यय पाठ में और पढ़ें।

नित्य पुल्लिंग और नित्य स्त्रीलिंग

कुछ प्राणियों के नाम हमेशा एक ही लिंग में रहते हैं। उनका लिंग बताने के लिए "नर" या "मादा" जोड़ते हैं।

  • नित्य पुल्लिंग: कौआ, उल्लू, खटमल, चीता, भेड़िया, खरगोश। जैसे मादा कौआ, मादा चीता।
  • नित्य स्त्रीलिंग: मक्खी, कोयल, मैना, छिपकली, तितली, चील। जैसे नर मक्खी, नर कोयल।

लिंग का क्रिया, विशेषण और सर्वनाम पर प्रभाव

हिंदी में संज्ञा का लिंग बदलते ही वाक्य के कई शब्द बदल जाते हैं। यही कारण है कि गलत लिंग वाला वाक्य तुरंत खटकता है।

शब्द-भेदपुल्लिंग के साथस्त्रीलिंग के साथ
क्रियाघोड़ा दौड़ता है।घोड़ी दौड़ती है।
विशेषणकाला कुत्ताकाली बिल्ली
संबंध कारकनेहा का भाईनेहा की बहन
सर्वनाम के रूपमेरा बस्तामेरी कॉपी

ध्यान दें कि "मैं", "तुम", "वह" जैसे सर्वनाम स्वयं नहीं बदलते। लड़का हो या लड़की, दोनों "मैं" ही कहते हैं। लिंग का पता क्रिया से चलता है: "मैं जाता हूँ" और "मैं जाती हूँ"।

लिंग के उदाहरण वाक्य

  1. मेरा घर बड़ा है। (पुल्लिंग)
  2. उसकी किताब फट गई। (स्त्रीलिंग)
  3. दही जम गया। (पुल्लिंग)
  4. चाय ठंडी हो गई। (स्त्रीलिंग)
  5. हाथी धीरे-धीरे चलता है। (पुल्लिंग)
  6. आज ठंडी हवा चल रही है। (स्त्रीलिंग)

याद रखने की ट्रिक

"मेरा या मेरी लगाओ, लिंग पहचानो।" शब्द के आगे "मेरा" अच्छा लगे तो पुल्लिंग, "मेरी" अच्छा लगे तो स्त्रीलिंग। जैसे मेरा पेन, मेरी कलम, मेरा दही, मेरी चाय। यह तरीका बोलचाल की अच्छी हिंदी सुनने वालों के लिए सबसे तेज़ है।

अभ्यास: लिंग बदलिए

नीचे दिए शब्दों का लिंग बदलिए। उत्तर कोष्ठक में हैं।

नाना (नानी), हिरण (हिरणी), लेखक (लेखिका), ऊँट (ऊँटनी), नौकर (नौकरानी), बुद्धिमान (बुद्धिमती), बैल (गाय), कवि (कवयित्री), धोबी (धोबिन), चूहा (चुहिया)।

सामान्य गलतियाँ

  • "दही खट्टी है" कहना: मानक हिंदी में दही पुल्लिंग है, इसलिए "दही खट्टा है"।
  • हर ईकारांत शब्द को स्त्रीलिंग मानना: पानी, घी, मोती, हाथी, आदमी पुल्लिंग हैं।
  • "आत्मा" को पुल्लिंग लिखना: आत्मा स्त्रीलिंग है, जैसे "उसकी आत्मा"।
  • "कवियत्री" लिखना: सही वर्तनी "कवयित्री" है।
  • वचन और लिंग को एक समझना: लड़के, लड़कियाँ वचन के रूप हैं, जबकि लड़का, लड़की लिंग के रूप हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

लिंग किसे कहते हैं?

संज्ञा के जिस रूप से व्यक्ति, वस्तु या प्राणी के पुरुष जाति या स्त्री जाति के होने का बोध हो, उसे लिंग कहते हैं। जैसे लड़का पुल्लिंग है और लड़की स्त्रीलिंग।

लिंग के कितने भेद होते हैं?

हिंदी में लिंग के दो भेद होते हैं: पुल्लिंग और स्त्रीलिंग। संस्कृत में तीसरा भेद नपुंसकलिंग भी होता है, पर हिंदी में नपुंसकलिंग नहीं माना जाता।

पुल्लिंग और स्त्रीलिंग की पहचान कैसे करें?

शब्द के साथ क्रिया या विशेषण लगाकर देखिए। "मेरा घर", "घर बड़ा है" से घर पुल्लिंग है, और "मेरी किताब", "किताब फट गई" से किताब स्त्रीलिंग है। दिनों, पर्वतों और देशों के नाम प्रायः पुल्लिंग होते हैं, जबकि भाषाओं और तिथियों के नाम स्त्रीलिंग।

लिंग बदलने के नियम क्या हैं?

पुल्लिंग से स्त्रीलिंग बनाने के लिए आ को ई (लड़का से लड़की), इया (बूढ़ा से बुढ़िया), इन (माली से मालिन), नी (शेर से शेरनी), आनी (सेठ से सेठानी), इका (बालक से बालिका) जैसे प्रत्यय लगते हैं। कुछ शब्दों का स्त्रीलिंग बिल्कुल अलग होता है, जैसे पिता से माता।

नित्य पुल्लिंग और नित्य स्त्रीलिंग किसे कहते हैं?

जिन प्राणियों के नाम हमेशा एक ही लिंग में रहते हैं, वे नित्य पुल्लिंग या नित्य स्त्रीलिंग कहलाते हैं। कौआ, उल्लू, चीता नित्य पुल्लिंग हैं, और मक्खी, कोयल, मैना नित्य स्त्रीलिंग। इनके साथ नर या मादा जोड़कर लिंग बताया जाता है।