Sangya kise kahate hain: किसी व्यक्ति, वस्तु, स्थान, प्राणी, गुण या भाव के नाम को संज्ञा कहते हैं। संज्ञा का अर्थ है "नाम"। हमारे आसपास जो कुछ भी है, उसका कोई न कोई नाम है, और वही नाम व्याकरण में संज्ञा कहलाता है। अंग्रेज़ी में संज्ञा को Noun कहते हैं।
इस पाठ में हम संज्ञा की परिभाषा, संज्ञा के भेद, हर भेद के उदाहरण, संज्ञा की पहचान का आसान तरीका और परीक्षा में होने वाली सामान्य गलतियाँ समझेंगे।
संज्ञा की परिभाषा (Sangya ki Paribhasha)
परिभाषा: जिस शब्द से किसी व्यक्ति, वस्तु, स्थान, प्राणी, गुण, भाव या दशा के नाम का बोध हो, उसे संज्ञा कहते हैं।
नीचे दिए गए उदाहरण देखिए। हर शब्द किसी न किसी का नाम बताता है।
- व्यक्ति का नाम: अमन, नेहा, कबीर, तुलसीदास
- वस्तु का नाम: किताब, कुर्सी, पेन, घड़ी
- स्थान का नाम: जयपुर, भारत, विद्यालय, बाज़ार
- प्राणी का नाम: गाय, तोता, शेर, मछली
- भाव या गुण का नाम: प्रेम, ईमानदारी, बचपन, मिठास
उदाहरण वाक्य: नेहा ने बाज़ार से एक किताब खरीदी। इस वाक्य में नेहा, बाज़ार और किताब तीनों संज्ञा हैं।
संज्ञा के कितने भेद होते हैं (Sangya ke Bhed)
अधिकतर स्कूली व्याकरण की किताबों में संज्ञा के 5 भेद बताए जाते हैं। कुछ पुरानी किताबों में संज्ञा के केवल 3 भेद (व्यक्तिवाचक, जातिवाचक, भाववाचक) दिए गए हैं, और उनमें समूहवाचक तथा द्रव्यवाचक संज्ञा को जातिवाचक संज्ञा के अंदर ही गिना गया है। परीक्षा में प्रायः 5 भेद वाला उत्तर ही मान्य होता है।
| क्रम | संज्ञा का भेद | क्या बताता है | उदाहरण |
|---|---|---|---|
| 1 | व्यक्तिवाचक संज्ञा | किसी एक विशेष व्यक्ति, स्थान या वस्तु का नाम | अमन, दिल्ली, हिमालय, ताजमहल |
| 2 | जातिवाचक संज्ञा | पूरी जाति या वर्ग का नाम | लड़का, नदी, पहाड़, शहर, गाय |
| 3 | भाववाचक संज्ञा | गुण, भाव, दशा या अवस्था का नाम | मिठास, बचपन, सुंदरता, थकान |
| 4 | समूहवाचक संज्ञा | व्यक्तियों या वस्तुओं के समूह का नाम | सेना, कक्षा, भीड़, गुच्छा |
| 5 | द्रव्यवाचक संज्ञा | ऐसे पदार्थ का नाम जिसे गिना नहीं, नापा या तौला जाता है | दूध, पानी, सोना, आटा, तेल |
1. व्यक्तिवाचक संज्ञा
जो संज्ञा शब्द किसी एक खास व्यक्ति, स्थान, नदी, पर्वत, पुस्तक, दिन या त्योहार का नाम बताए, उसे व्यक्तिवाचक संज्ञा कहते हैं। जैसे: अमन, आगरा, ताजमहल, सोमवार, दीपावली। उदाहरण वाक्य: आगरा में ताजमहल है। विस्तार से पढ़ें: व्यक्तिवाचक संज्ञा।
2. जातिवाचक संज्ञा
जो संज्ञा शब्द किसी पूरी जाति, वर्ग या प्रकार की हर चीज़ का बोध कराए, उसे जातिवाचक संज्ञा कहते हैं। जैसे: लड़का, शहर, नदी, पेड़, किताब। "शहर" कहने से कोई एक शहर नहीं, सभी शहरों का बोध होता है। उदाहरण वाक्य: बच्चे मैदान में खेल रहे हैं। विस्तार से पढ़ें: जातिवाचक संज्ञा।
3. भाववाचक संज्ञा
जिस संज्ञा से किसी गुण, दोष, भाव, दशा या अवस्था का बोध हो, उसे भाववाचक संज्ञा कहते हैं। भाव को हम देख या छू नहीं सकते, केवल अनुभव कर सकते हैं। जैसे: प्रेम, क्रोध, बचपन, बुढ़ापा, मिठास, ईमानदारी। उदाहरण वाक्य: आम में बहुत मिठास है। विस्तार से पढ़ें: भाववाचक संज्ञा।
4. समूहवाचक संज्ञा
जो संज्ञा किसी एक व्यक्ति या वस्तु का नहीं, बल्कि उनके पूरे समूह का बोध कराए, उसे समूहवाचक संज्ञा कहते हैं। जैसे: कक्षा, सेना, भीड़, परिवार, झुंड, गुच्छा। उदाहरण वाक्य: हमारी कक्षा पिकनिक पर गई। विस्तार से पढ़ें: समूहवाचक संज्ञा।
5. द्रव्यवाचक संज्ञा
जिस संज्ञा से किसी ऐसे पदार्थ या धातु का बोध हो जिसे गिना नहीं जा सकता, बल्कि नापा या तौला जाता है, उसे द्रव्यवाचक संज्ञा कहते हैं। जैसे: दूध, पानी, घी, तेल, सोना, चाँदी, लोहा, आटा, चावल। उदाहरण वाक्य: माँ ने दो किलो आटा खरीदा। विस्तार से पढ़ें: द्रव्यवाचक संज्ञा।
संज्ञा की पहचान कैसे करें
वाक्य में संज्ञा पहचानने के लिए ये आसान प्रश्न पूछिए:
- क्या यह शब्द किसी का नाम है? अगर हाँ, तो यह संज्ञा है।
- क्या इसके साथ "का, की, के, ने, को, से" जैसे चिह्न लग सकते हैं? संज्ञा के साथ ये चिह्न लगते हैं, जैसे लड़के ने, पेड़ की, किताब से।
- क्या यह शब्द "कौन" या "क्या" का उत्तर देता है? जैसे "कौन आया?" उत्तर "अमन" संज्ञा है।
- क्या शब्द के अंत में "ता, त्व, पन, आई, आहट, आवट" जैसे प्रत्यय हैं? ऐसे शब्द प्रायः भाववाचक संज्ञा होते हैं, जैसे मित्रता, बचपन, सच्चाई। इन्हें प्रत्यय जोड़कर बनाया जाता है।
संज्ञा के भेदों का एक-दूसरे के रूप में प्रयोग
परीक्षा में यह प्रश्न अक्सर पूछा जाता है। कभी-कभी एक भेद की संज्ञा दूसरे भेद की तरह काम करती है।
| प्रयोग | उदाहरण वाक्य | समझ |
|---|---|---|
| व्यक्तिवाचक का जातिवाचक के रूप में | हमारी कक्षा में कई कुंभकर्ण हैं। | यहाँ "कुंभकर्ण" का अर्थ है बहुत सोने वाले लोग, यानी एक वर्ग। |
| जातिवाचक का व्यक्तिवाचक के रूप में | गोस्वामी जी के दोहे बहुत प्रसिद्ध हैं। | "गोस्वामी" यहाँ एक विशेष कवि तुलसीदास के लिए आया है। |
| भाववाचक का जातिवाचक के रूप में | इस लड़की में कई अच्छाइयाँ हैं। | बहुवचन में आने पर भाववाचक संज्ञा जातिवाचक की तरह प्रयोग होती है। |
संज्ञा में होने वाले परिवर्तन
संज्ञा एक विकारी शब्द है, यानी लिंग, वचन और कारक के कारण इसका रूप बदलता है। जैसे लड़का से लड़की (लिंग), लड़का से लड़के (वचन), लड़का से लड़के ने (कारक)। संज्ञा के स्थान पर आने वाले शब्द सर्वनाम कहलाते हैं, और संज्ञा की विशेषता बताने वाले शब्द विशेषण कहलाते हैं।
याद रखने की ट्रिक
- "एक खास नाम" हो तो व्यक्तिवाचक: अमन, जयपुर।
- "पूरी जाति" हो तो जातिवाचक: लड़का, शहर।
- "महसूस करें, छू न सकें" तो भाववाचक: खुशी, थकान।
- "पूरा झुंड" हो तो समूहवाचक: सेना, कक्षा।
- "नापें या तौलें, गिनें नहीं" तो द्रव्यवाचक: दूध, सोना।
पाँचों भेद याद रखने के लिए छोटा सूत्र: "व्य जा भा स द्र", यानी व्यक्ति, जाति, भाव, समूह, द्रव्य।
सामान्य गलतियाँ
- Pronoun को संज्ञा समझना: Noun का हिंदी नाम संज्ञा है, जबकि Pronoun का हिंदी नाम सर्वनाम है। मैं, तुम, वह, यह सर्वनाम हैं, संज्ञा नहीं।
- विशेषण को भाववाचक समझना: "मीठा" विशेषण है, पर "मिठास" भाववाचक संज्ञा है। "सुंदर" विशेषण है, पर "सुंदरता" संज्ञा है।
- पर्वत, नदी को हमेशा व्यक्तिवाचक मानना: "नदी" जातिवाचक है, पर "कावेरी" व्यक्तिवाचक है।
- "दूध" को जातिवाचक लिखना: 5 भेद वाली व्यवस्था में दूध, पानी, सोना द्रव्यवाचक संज्ञा हैं।
अभ्यास के लिए संज्ञा के उदाहरण
नीचे के वाक्यों में मोटे अक्षर वाले शब्दों का भेद पहचानिए। उत्तर कोष्ठक में दिए हैं।
- दादी ने गिलास में दूध दिया। (जातिवाचक, जातिवाचक, द्रव्यवाचक)
- कावेरी दक्षिण भारत की नदी है। (व्यक्तिवाचक)
- बच्चों की हँसी से घर भर गया। (भाववाचक)
- भीड़ धीरे-धीरे आगे बढ़ी। (समूहवाचक)
- सोमवार को विद्यालय में सभा होगी। (व्यक्तिवाचक, समूहवाचक)
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
संज्ञा किसे कहते हैं?
किसी व्यक्ति, वस्तु, स्थान, प्राणी, गुण या भाव के नाम को संज्ञा कहते हैं। जैसे अमन, किताब, जयपुर, गाय और ईमानदारी। अंग्रेज़ी में इसे Noun कहते हैं।
संज्ञा के कितने भेद होते हैं?
अधिकतर स्कूली किताबों के अनुसार संज्ञा के 5 भेद होते हैं: व्यक्तिवाचक, जातिवाचक, भाववाचक, समूहवाचक और द्रव्यवाचक। कुछ किताबें केवल 3 भेद मानती हैं और समूहवाचक तथा द्रव्यवाचक को जातिवाचक में गिनती हैं।
संज्ञा के 10 उदाहरण क्या हैं?
संज्ञा के दस उदाहरण हैं: अमन, दिल्ली, ताजमहल, लड़का, नदी, बचपन, ईमानदारी, सेना, दूध और सोना। इनमें व्यक्तिवाचक, जातिवाचक, भाववाचक, समूहवाचक और द्रव्यवाचक पाँचों भेद आ गए हैं।
Pronoun को हिंदी में क्या कहते हैं, क्या यह संज्ञा है?
Pronoun को हिंदी में सर्वनाम कहते हैं, यह संज्ञा नहीं है। सर्वनाम संज्ञा के स्थान पर आता है, जैसे मैं, तुम, वह, यह। Noun का हिंदी नाम संज्ञा है।
संज्ञा कितने प्रकार की होती है, 3 या 5?
दोनों उत्तर किताबों में मिलते हैं। आजकल अधिकतर पाठ्यपुस्तकें 5 प्रकार बताती हैं, जबकि कुछ व्याकरणाचार्य समूहवाचक और द्रव्यवाचक को जातिवाचक का ही हिस्सा मानकर 3 प्रकार बताते हैं। परीक्षा में अपनी कक्षा की किताब वाला उत्तर लिखें।